बेलदारवा बाजार व पोखर की जमीन पर 90 लोगों का अतिक्रमण, 39 को दिया गया नोटिस

bih28 1768242 large आदापुर पोखर स्थित बेलदारवा बाजार के सरकारी भूमि की मापी बुधवार को चौथे दिन भी जारी रही। वहीं मंगलवार को हुई पैमाइश के दौरान खेसरा संख्या- 507 में 45 अतिक्रमणकारियों को चिह्नित कर नोटिस भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। इधर शुक्रवार को हुई मापी के दौरान 6 लोगों को चिह्नित की गई है। सीओ विजय शंकर सिंह के अनुसार अब तक उक्त बाजार व तालाब के किनारे कुल 90 अतिक्रमणकारियों को चिह्नित कर लिया गया है। इसमें 39 अतिक्रमणकारियों के खिलाफ नोटिस निर्गत भी कर दिया गया है, जबकि शेष को अगले दिन नोटिस हस्तगत कराया जाएगा। साथ ही अविलम्ब सरकारी भूमि को खाली करने की हिदायत भी दे दी गई है। बता दें कि उक्त बाजार के सरकारी भूमि का पैमाइश सरकारी अमीन काशी लाल प्रसाद के द्वारा की जा रही है। खेसरा संख्या 497 में अतिक्रमित किए गए 39 लोगों को चिह्नित कर प्रथम फेज में नोटिस निर्गत कर 24 जनवरी तक साक्ष्य उपलब्ध कराने की सूचना दी गई है, वहीं खेसरा संख्या 507 की पैमाइश के दौरान मंगलवार को 45 लोगों को चिह्नित किया जा चुका है। इसके अलावा बुधवार को भी 6 लोगों को चिह्नित किया गया है। इसको लेकर गुरुवार को नोटिस निर्गत किया जाएगा। वहीं सीओ के द्वारा स्पष्ट रूप से सख्ती बरतते हुए अतिक्रमणकारियों के द्वारा बनाए गए कच्चा व पक्का सभी तरह के मकानों व दुकानों को हर हाल में तोड़कर अतिक्रमित भूमि को खाली कराने की बात बताई गई है।

हिदायत %22%22 सरकारी भूमि की पैमाइश कराने के बाद सीओ ने अतिक्रमणकारियों पर शुरू की कार्रवाई, खाली करने काे कहा

आदापुर तालाब किनारे सरकारी भूमि की पैमाइश करते अंचल अमीन।

Advertisement

सरकारी जमीन खरीद-बेच रहे थे भू-माफिया
इधर अंचल कार्यालय से नोटिस निर्गत होते ही बाजार को अतिक्रमित करने वाले लोगों में हडकंप व्याप्त हो गया है। बता दें कि उक्त तालाब के किनारे व सरकारी भूमि को अतिक्रमित करने में न सिर्फ दुकानदार बल्कि भूमाफियाओं के द्वारा भी विगत कई वर्षों से अवैध रूप से कागजी फर्जीवाड़ा कर उक्त कीमती भूखंड को हड़पने का सिलसिला जारी है, साथ ही काफी महंगे दामों में खरीद – फरोख्त का भी धंधा बेलगाम होते आ रहा है। जिसको लेकर स्थानीय ग्रामीणों के द्वारा अनेकों बार विरोध भी किया जा चुका है।

सरिसवा नदी के पानी की जांच का दिया आदेश
भास्कर न्यूज | रक्सौल

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय (भारत सरकार) ने सरिसवा नदी के पानी की गुणवत्ता की तत्काल जांच के आदेश दिए हैं। साथ ही बोर्ड ने सरिसवा नदी को बिहार में प्रदूषित नदियों की प्राथमिकता तृतीय श्रेणी के रूप में चिह्नित किया है। जल शक्ति मंत्रालय के अंतर्गत राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन (एनएमसीजी) को भी इस मामले में संज्ञान लेने का निर्देश दिया गया है।पिछले दिनों सामाजिक कार्यकर्ता डा स्वयंभू शलभ द्वारा सरिसवा नदी को प्रदूषण मुक्त कराने की मांग को लेकर पीएमओ और केन्द्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को पत्र लिखा था। जिसे गंभीरता से लेते हुए बोर्ड ने उक्त कदम उठाया है। उक्त जानकारी डा. स्वयंभू शलभ ने केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड, नेशनल वाटर क्वालिटी मॉनिटरिंग प्रोग्राम के डिविजनल हेड ए. सुधाकर के द्वारा भेजे गए पत्र के हवाले से दिया है। पत्र में सुधाकर ने बताया है कि राज्य सरकार द्वारा नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के आदेश के आलोक में बिहार में प्रदूषित नदियों के उद्धार के लिए बिहार सरकार द्वारा गठित रीवर रेजुविनेशन कमेटी एक्शन प्लान तैयार कर उसे पूर्ण रूप से कार्यान्वित करेगी। क्योंकि बोर्ड ने तह माना है कि सरिसवा नदी प्रदूषित है। प्रदूषित करने वाले स्त्रोत को चिन्हित कर कार्रवाई करने का भी निर्देश दिया है।

Send Your News to +919458002343 email to [email protected] for news publication to eradioindia.com