मेरठ।
भारतीय फर्नीचर और इंटीरियर उद्योग अब केवल उभरता हुआ क्षेत्र नहीं रह गया है, बल्कि यह शहरीकरण, बुनियादी ढांचे के विस्तार, प्रीमियम हाउसिंग, हॉस्पिटैलिटी की मांग और वैश्विक सोर्सिंग में बढ़ती रुचि के कारण एक निर्णायक विकास चरण में प्रवेश कर चुका है।
कोएलनमेस्से प्रा. लि. के प्रबंध निदेशक मिलिंद दीक्षित ने बताया कि इस परिवर्तन के केंद्र में आईएमएम इंडिया, जो फर्नीचर, इंटीरियर, डेकोर, सरफेस, टेक्सटाइल, किचन और स्मार्ट लिविंग सॉल्यूशंस के लिए भारत की सबसे केंद्रित और वैश्विक स्तर पर जुड़ी प्रदर्शनी है। जो 11 से 14 मार्च तक यशोभूमि द्वारका, नई दिल्ली में आयोजित होगी, जिसको कोएलनमेस्से द्वारा आयोजित किया जाएगा। आईएमएम इंडिया-2026 पूरे फर्नीचर और इंटीरियर वैल्यू चेन के प्रदर्शकों और उत्पादों को एक साथ लाता है। खरीदार यहाँ सॉलिड वुड और अपहोल्स्टर्ड फर्नीचर, हस्तशिल्प और समकालीन संग्रह, गलीचे और कालीन, होम डेकोर, गद्दे, आधुनिक किचन, सरफेस, सामग्री और निर्यात-योग्य इंटीरियर समाधान एक ही छत के नीचे पा सकते हैं। श्री दीक्षित ने इस मंच की प्रासंगिकता पर कहा, “आईएमएम इंडिया-2026 केवल एक और प्रदर्शनी नहीं है, यह वैश्विक फर्नीचर और इंटीरियर चर्चा का नेतृत्व करने के लिए भारत की तत्परता का एक साहसिक बयान है। हमारा विजन एक ऐसा बाजार बनाना है, जहां भारतीय निर्माता वैश्विक मांग के साथ सहजता से जुड़ सकें, जहां डिजाइन का बिजनेस से मिलन हो और जहां दीर्घकालिक साझेदारी का निर्माण हो।जोधपुर हस्तशिल्प निर्यातक संघ के अध्यक्ष भरत दिनेश ने इस मंच की परिवर्तनकारी क्षमता पर प्रकाश डालते हुए कहा, “आईएमएम इंडिया भारतीय फर्नीचर और इंटीरियर उद्योग के लिए एक ऐतिहासिक कदम है। यह हमारे सदस्यों और व्यापक ईकोसिस्टम को भारतीय डिजाइन प्रदर्शित करने, गंभीर अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के साथ जुड़ने और ऐसी साझेदारी बनाने के लिए एक केंद्रित वैश्विक मंच प्रदान करता है जो वैश्विक व्यापार में भारत की स्थिति को मजबूत करती है।” इस आयोजन को उद्योग निकायों के एक शक्तिशाली नेटवर्क का समर्थन प्राप्त है, जो विनिर्माण और शिल्प केंद्रों का अखिल भारतीय प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करता है। आईएमएम इंडिया 2026 को जोधपुर हस्तशिल्प निर्यातक संघ, एसोसिएशन ऑफ मॉडर्न किचन और एसोसिएशन ऑफ फर्नीचर मैन्युफैक्चरर्स ऑफ इंडिया का समर्थन प्राप्त है।इसके अतिरिक्त, द हैंडीक्राफ्ट्स एक्सपोर्टर्स एसोसिएशन मुरादाबाद, बागरू इंडस्ट्रियल एसोसिएशन, एशियन अरब चैंबर ऑफ कॉमर्स, इंडियन इकोनॉमिक ट्रेड ऑर्गनाइजेशन, इंडियन चैंबर ऑफ कॉमर्स, कीर्ति नगर टिम्बर एंड फर्नीचर डीलर्स एसोसिएशन, और करूर हैंडलूम एक्सपोर्ट क्लॉथ मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन का सहयोग मिला है। इस आयोजन का समय अत्यंत महत्वपूर्ण है, विशेष रूप से भारत-यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौते के बाद, जिसने भारतीय लकड़ी और धातु के फर्नीचर पर आयात शुल्क को 10.5% से घटाकर लगभग शून्य कर दिया है। इसने भारत को “चीन+1” सोर्सिंग रणनीति अपनाने वाले अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के लिए एक प्राथमिक विकल्प के रूप में स्थापित किया है।