- मेरठ कमिश्नरी पार्क में जुटे दलित समाज के लोग, अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग

मेरठ के कमिश्नरी पार्क में रविवार को ललिता गौतम प्रकरण को लेकर बहुजन समाज के लोगों की बड़ी महापंचायत हुई। करीब 15 दिनों से रवि गौतम यहां धरने पर बैठे हैं और इसी धरने के समर्थन में महापंचायत बुलाई गई।
महापंचायत में बड़ी संख्या में दलित समाज के लोग पहुंचे और अपनी मांगों को लेकर आवाज उठाई। रवि गौतम का आरोप है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान तत्कालीन SSP अविनाश पांडे और तत्कालीन सिविल लाइन थाना प्रभारी ने दलित समाज के लोगों के साथ मारपीट की और अपशब्दों का इस्तेमाल किया। बताया गया कि इस मामले से जुड़ा मुकदमा SC-ST कोर्ट में विचाराधीन है।
महापंचायत में तत्कालीन SSP अविनाश पांडे और SP देहात अभिजीत कुमार को बर्खास्त करने की मांग उठाई गई। प्रदर्शन के दौरान रवि गौतम के साथ कथित मारपीट करने वालों के खिलाफ SC-ST एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज करने की मांग भी की गई।
इसके अलावा किसान नेता दिग्विजय भाटी के साथ हुई कथित मारपीट का मुद्दा भी महापंचायत में उठा। आयोजकों ने आरोप लगाया कि इस घटना में दिग्विजय भाटी की आंख में गंभीर चोट आई और उन्हें एक आंख से दिखाई नहीं दे रहा है। मामले में भी SC-ST एक्ट के तहत कार्रवाई की मांग की गई।
प्रदर्शनकारियों ने दलित समाज के लोगों पर लगाए गए कथित फर्जी मुकदमे वापस लेने और तत्कालीन SSP अविनाश पांडे तथा SP देहात अभिजीत कुमार की संपत्ति की जांच कराने की मांग भी रखी।
महापंचायत को देखते हुए कमिश्नरी पार्क और आसपास भारी पुलिस बल तैनात रहा। एडीएम सिटी, SP सिटी और तीन CO समेत कई अधिकारी मौके पर मौजूद रहे। सुरक्षा व्यवस्था के लिए RAF की एक टुकड़ी भी तैनात की गई।
फिलहाल महापंचायत में लगाए गए आरोपों और उठाई गई मांगों पर प्रशासन की आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है। संबंधित मामलों की जांच और न्यायिक प्रक्रिया के आधार पर ही आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।









