लोकसभा में आंध्र प्रदेश पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक, 2026 पारित होने के बाद आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन. चंद्रबाबू नायडू ने राज्य के लोगों से अमरावती क्षेत्र के सभी गांवों में जश्न मनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यह राज्य के लिए ऐतिहासिक क्षण है।
अमरावती को मिली एकमात्र राजधानी की मान्यता
इस विधेयक के जरिए अमरावती को राज्य की एकमात्र राजधानी के रूप में कानूनी मान्यता मिली है। इससे लंबे समय से चली आ रही प्रशासनिक और विकास संबंधी अनिश्चितता खत्म होने की उम्मीद है।
राज्यसभा मंजूरी के बाद जश्न का आह्वान
सीएम नायडू ने एनडीए नेताओं के साथ टेली-कॉन्फ्रेंस में कहा कि राज्यसभा से विधेयक पारित होते ही हर गांव में उत्सव मनाया जाए। उन्होंने कहा कि इसके बाद विधायी प्रक्रिया पूरी हो जाएगी।
केंद्र सरकार का जताया आभार
उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आभार जताया। साथ ही उन सभी दलों को धन्यवाद दिया, जिन्होंने इस विधेयक का समर्थन किया।
उद्दंडरायुनिपालेम जाएंगे सीएम
मुख्यमंत्री ने बताया कि वह उद्दंडरायुनिपालेम जाकर जश्न में शामिल होंगे, जहां राजधानी की आधारशिला रखी गई थी। इस स्थान को उन्होंने पवित्र स्थल बताया।
जगन मोहन रेड्डी पर साधा निशाना
नायडू ने पूर्व मुख्यमंत्री वाईएस जगन मोहन रेड्डी की आलोचना करते हुए कहा कि उन्होंने पांच वर्षों तक राज्य को बिना राजधानी के रखा और अमरावती का विरोध किया।
अमरावती को लेकर भावनात्मक अपील
उन्होंने राज्य के लोगों से अपील की कि वे अमरावती को अपनी राजधानी मानते हुए इसके विकास के लिए संकल्प लें। उन्होंने कहा कि अब गर्व के साथ कहा जा सकता है कि अमरावती ही राज्य की एकमात्र राजधानी है।
कुरनूल में हाईकोर्ट बेंच का आश्वासन
सीएम ने यह भी दोहराया कि सरकार कुरनूल में जल्द ही हाईकोर्ट की बेंच स्थापित करेगी।







