ओशो महापरिनिर्वाण दिवस: ध्यानोत्सव व संगीत ने बांधा समा, सन्यासी हुये मस्त

333
ओशो महापरिनिर्वाण दिवस: ध्यानोत्सव व संगीत ने बांधा समा, सन्यासी हुये मस्त
ओशो महापरिनिर्वाण दिवस: ध्यानोत्सव व संगीत ने बांधा समा, सन्यासी हुये मस्त

ओशो महापरिनिर्वाण दिवस के अवसर पर मेरठ में संन्यासियों ने खूब मस्ती की।  आनंदित भाव से सुबह 9:00 बजे से लेकर शाम के 6:00 बजे तक ध्यान उत्सव का कार्यक्रम चलता रहा।

मेरठ कैंट स्थित मधु वाटिका में सभी सन्यासियों ने एकत्रित होकर ओशो पर निर्वाण दिवस को आनंदित स्वरूप में मनाया और सभी ने ध्यान व प्रेम के मार्ग पर चलने का संकल्प लिया। 

ओशो महापरिनिर्वाण दिवस सहित वर्ष के पांच बड़े कार्यक्रम होंगे मधु वाटिका में

कार्यक्रम स्थल के प्रदाता स्वामीआनन्द आलोक ने सभी सन्यासियों का प्रेम पूर्वक स्वागत किया और कहा कि पूरे साल में होने वाले ओशो के 5 बड़े कार्यक्रम अब से मधु वाटिका में ही आयोजित होंगे जिसमें सभी सन्यासियों को एक साथ, एक स्थान पर बैठकर ध्यान और प्रेम की बातें करने का मौका मिलेगा।

ओशो भारत के नहीं बल्कि पूरे दुनिया के एक ऐसे रहस्य दर्शी गुरु थे जिनके इशारे पर कोई कुछ भी करने को तैयार हो जाता था। उनके आध्यात्मिक साधना का ही परिणाम था कि उनके पीछे चलने वाले फॉलोवर्स का हुजूम देखा जाता था।

Osho Fallowers

उन्होंने कहा कि जब तक उनकी सास है तब तक यह स्थान साल के पांचों कार्यक्रमों के लिए ओशो को समर्पित रहेगा। स्वामी आनंद आलोक यानी मधु जी ने मधु वाटिका का निर्माण वैसे तो निजी व्यवसाय हेतु व्यवस्थित किया है लेकिन ओशो के प्रति प्रेम ने उनको इतना आह्लादित कर दिया कि वह सर्व स्वीकार भाव से अपनी व्यवस्था को न्यौछावर करने में जुट गए।

ओशो की जीवन बदल देने वाली किताबें खरीदने के लिये यहां क्लिक करें-

osho booksa

ओशो महापरिनिर्वाण दिवस में सूफी की धुन पर थिरकने के मजबूर हुए लोग

कहते हैं कि संगीत का ध्यान में बेहद प्रभावशाली स्थान है और इसी का नमूना ओशो महापरिनिर्वाण दिवस के अवसर पर देखने को मिला उस वक्त जब सूफी संगीत की मधुर आवाज बजनी शुरू हुई और स्वामी सुनील गंभीर के माइक पर संचालन की मीठी मीठी आवाजाें ने ऐसे व्यक्तियों के भी पांव में गति डाल दी जिन्होंने नृत्य ना आने का बहाना लेकर खुद को अलग किए हुए थे।

#ओशो_महापरिनिर्वाण_दिवस के अवसर पर मेरठ में ऐतिहासिक रूप से सन्यासियों ने एकत्र होकर अपनी उपस्थिती दर्ज कराई। #ध्यान, #सूफी और #आनंद की बरसात में लोगों के जीवन का एक-एक कोना भीग गया। तश्वीरों के माध्यम से आप अंदाजा लगा सकते हैं कि लोगों ने कितनी मस्ती की और लुत्फ उठाया।

  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.57 PM 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.57 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.56 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.15 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.14 PM 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.14 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.13 PM 3
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.13 PM 2
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.13 PM 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.13 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.33 PM 6 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.33 PM 5 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.33 PM 3 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.32 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.58 PM 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.33 PM 2
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.33 PM 1
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.33 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.03.41 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.03.39 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.03.38 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.03.40 PM
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.01.57 PM 2
  • WhatsApp Image 2021 01 19 at 6.00.31 PM

ओशो महापरिनिर्वाण दिवस के खूबसूरत कार्यक्रम को सजाने में स्वामी मुनीष यादव ने पूरी मेहनत की, स्वामी रवि रस्तोगी के अतिथि भाव ने सबका दिल जीता। खूबसूरत कार्यक्रम को अंजाम देने में स्वामी राजीव रस्तोगी, स्वामी योगमूर्ति (चमन प्रकाश गोयल), स्वामी राजीव जी दवाई वाले, स्वामी दिनेश सक्सेना, स्वामी धर्मानन्द जी, निर्दोष बलविंदर (रवि रस्तोगी), स्वामी शांतम पर्वत जी, स्वामी राजीव गुप्ता (इवेंट वाले), स्वामी राजबहादुर, स्वामी आनंद असीम, स्वामी नोहारी लाल,स्वामी सुरेंद्र कुमार, मा शालिनी जी, मा चंचल जी, मा अर्चना जी, स्वामी अभय जी, मुनीष भारद्वाज, अमित निर्वाण, जितेंद्र जी के अलावा दर्जनों सन्यासी मौजूद रहे।

Osho Amazing Facts in Hindi: 1 क्लिक पर जानें सबकुछ
Osho Amazing Facts in Hindi: 1 क्लिक पर जानें सबकुछ

ओशो शब्द का क्या अर्थ है || What is Meaning of Osho

कहते हैं कि रजनीश ने अपना नाम और सो अपने जीवन के अंतिम समय में रखा।  आपको बता दें कि ओशो अंग्रेजी कवि विलियम जेम्स की कविता और ओशनिक एक्सपीरियंस से लिया गया है जिसका अर्थ होता है सागरी अनुभव यानी समुद्र जैसे विराट या विस्तृत होने का एक्सपीरियंस।

ओशनिक एक्सपीरियंस ऐसे समझे जैसे कि एक बूंद सागर में गिरे तो वह सागर बन जाती है ठीक उसी तरह से आत्मा परमात्मा में मिलती है तो वह परमात्मा बन जाती है।  रजनीश ने ओशनिक एक्सपीरियंस का अनुभव करते हुए एक नया शब्द अपने लिए बनाया।

ओशो के बारे में पूरी जानकारी के लिये यहां क्लिक करें-

पूरे देश में करें विज्ञापन सिर्फ 5 हजार में एक माह के लिये-

अगर आपके व्यवसाय, कम्पनी या #प्रोडक्ट की ब्राडिंग व #प्रमोशन अनुभवी टीम की देखरेख में #वीडियो, आर्टिकल व शानदार ग्राफिक्स द्वारा किया जाये तो आपको अपने लिये ग्राहक मिलेगें साथ ही आपके ब्रांड की लोगों के बीच में चर्चा होनी शुरू हो जायेगी।
साथियों, वीडियो और #आर्टिकल के माध्यम से अपने व्यापार को Eradio India के विज्ञापन पैकेज के साथ बढ़ायें। हम आपके लिये 24X7 काम करने को तैयार हैं। सोशल मीडिया को हैंडल करना हो या फिर आपके प्रोडक्ट को कस्टमर तक पहुंचाना, यह सब काम हमारी #एक्सपर्ट_टीम आपके लिये करेगी।

इस पैकेज में आपको इन सुविधाओं का लाभ मिलेगा-

  • आपकी ब्रांड के प्रचार के लिए 2 वीडियो डॉक्यूमेंट्री।
  • 2 सोशल मीडिया एकाउंट बनाना व मेंटेन करना।
  • 8 ग्राफिक्स डिज़ाइन की शुभकामना व अन्य संदेश का विज्ञापन।
  • फेसबुक विज्ञापन और Google विज्ञापन, प्रबंधन।
  • नियमित प्रोफ़ाइल को मेंटेन करना।
  • नि:शुल्क ब्रांड लोगो डिजाइन (यदि आवश्यक होगा तो)।
  • परफेक्ट हैशटैग के साथ कंटेंट लिखना और प्रभावशाली पोस्टिंग।
  • कमेंट‍्स व लाइक्स काे मैंनेज करना।
  • www.eradioindia.com पर पब्लिश की जाने वाली न्यूज में आपका विज्ञापन नि:शुल्क दिया जायेगा।
  • अभी ह्वाट‍्सअप करें: 09458002343
  • ईमेल करें: eradioindia@gmail.com

अमेजन से खरीददारी करें और पायें 60% तक की छूट, अभी क्लिक करें-

advt amazone