Report by : News Desk
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आंध्र प्रदेश के तिरुपति में बड़ा हादसा
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दवा बनाने वाली फैक्ट्री में बॉयलर फटा, पांच कर्मचारियों की मौत; 10 घायल

आंध्र प्रदेश के तिरुपति में बड़ा हादसा

आंध्र प्रदेश के तिरुपति जिले में शनिवार तड़के बड़ा औद्योगिक हादसा हो गया। श्री सिटी स्पेशल इकोनॉमिक जोन (एसईजेड) स्थित एक निजी फार्मास्युटिकल यूनिट में बॉयलर फटने से कम से कम पांच कर्मचारियों की मौत हो गई। हादसे में 10 से ज्यादा लोग गंभीर रूप से घायल बताए जा रहे हैं। घटना सत्यवेडु मंडल में स्थित टिल हेल्थकेयर की फार्मास्युटिकल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट में हुई। यह कंपनी टैबलेट बनाने का काम करती है। शुरुआती जानकारी के मुताबिक, हादसे के वक्त कर्मचारी नाइट शिफ्ट में काम कर रहे थे।

बताया जा रहा है कि नाइट शिफ्ट के दौरान अचानक बॉयलर में विस्फोट हो गया। धमाके के बाद औद्योगिक इकाई के अंदर भीषण आग फैल गई। इससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। विस्फोट म…

फ्लाईदुबई हमले की जांच में नए खुलासे: हमलावर पर पहले ही था फ्लाइंग बैन, सीरिया में रहा; अलकायदा से जुड़े तार

दुबई से तेल अवीव जा रही फ्लाईदुबई की उड़ान में कैप्टन स्मित मच्छार पर हुए हमले की जांच जारी है। इसी बीच सह-पायलट का पूरा काला अतीत धीरे-धीरे सामने आ रहा है। हमले के बाद सामने आई रिपोर्टों में ओमानी सह-पायलट की पहचान हमाम अलहमामी के रूप में की गई है। उसके सीरिया में रहने और वहां कथित तौर पर चरमपंथी विचारों से प्रभावित होने की बात कही गई है। जांच से जुड़े दावों में उसके अलकायदा की विचारधारा से प्रभावित होने की बात भी सामने आई है। हालांकि, इन दावों की जांच अभी जारी है।

रिपोर्टों के मुताबिक हमाम अलहमामी ने ओमान से बाहर काफी समय बिताया था। इसमें सीरिया में बिताया गया समय भी शामिल है। इसी दौरान उसके कथित तौर पर चरमपंथी विचारों से प्रभावित होने की बात सामने आई है। जांच में कुछ धार्मिक लोगों से उसकी मुलाकातों का भी जिक्र है। रिपोर्टों के अनुसार इन्हीं संपर्कों के दौरान उसके कट्टरपंथी विचार मजबूत हुए। एक रिपोर्ट में तो उसके अलकायदा की विचारधारा से प्रभावित होने का दावा किया गया है। जांच एजेंसियां अब उसके सीरिया प्रवास और वहां बने संपर्कों की भी पड़ताल कर रही हैं।

सह-पायलट के पुराने विमानन रिकॉर्ड ने भी जांच को गंभीर बना दिया है। रिपोर्टों में दावा किया गया है कि ओमान में उसके चरमपंथी विचारों को लेकर पहले ही चिंता जताई गई थी। उसे वहां उड़ान भरने से रोके जाने की बात कही गई है। यानी ओमान में उड़ान उड़ाने पर बैन लगा था। एक रिपोर्ट के मुताबिक 2024 में ओमान एयर ने उसे ग्राउंड कर दिया था। उसके कथित तौर पर कट्टरपंथी इस्लामी वेबसाइट देखने की बात भी सामने आई थी। दूसरी रिपोर्टों में कहा गया कि उसे प्रशिक्षण से भी हटाया गया था। इसके बाद वह दुबई चला गया और बाद में फ्लाईदुबई से जुड़ा। अब जांच का बड़ा सवाल है कि पुराने रिकॉर्ड में चिंता होने के बावजूद वह यात्री विमान का सह-पायलट कैसे बना।

30 सितंबर को फ्लाइट एफजेड1073 दुबई से तेल अवीव जा रही थी। इसी दौरान सह-पायलट ने कॉकपिट में कैप्टन स्मित मच्छार पर हमला कर दिया। हमले के बाद विमान तेजी से नीचे जाने लगा। विमान कुछ ही समय में करीब 14 हजार फीट नीचे आ गया। मच्छार गंभीर रूप से घायल थे। इसके बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया। इससे यात्रियों और चालक दल को अंदर पहुंचने का मौका मिला। उन्होंने हमलावर को काबू किया। विमान में मौजूद दो अन्य पायलटों ने भी कमान संभालने में मदद की। इसके बाद विमान की सऊदी अरब के तबुक में आपात लैंडिंग कराई गई। विमान में 174 यात्री सवार थे। सभी यात्री सुरक्षित रहे।

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