• उत्तर प्रदेश
  • मेरठ
  • shanti niketan स्कूल ने श्री चैतन्य टेक्नो स्कूल से टाईअप किया

    Mrt 12 4 jpg

    मेरठ। छात्रों के उज्जवल भविष्य को साकार करने के लिये अब शांति निकेतन स्कूल ने श्री चैतन्य टेक्नो स्कूल से टाईअप किया है। जिससे विद्यार्थियों को आधुनिक समय के अनुरुप पाठयक्रम की पढ़ाई के साथ.साथ भविष्य की प्रतिस्पर्धाओं,प्रतियोगिताओं लिए भी प्रारंभ से ही तैयार किया जाए। ताकि आने वाले समय मे अपने लक्ष्य प्राप्त के लिए अलग से समय और पैसा खर्च किए बिना ही प्रत्येकक्षेत्र में समय के साथ ही अपना परचम फैला सके।
    इस्टर्न कचहरी रोड स्थित कार्यालय में मीडिया को जानकारी देते हुए चैतन्य टेक्नो स्कूल के संस्थापक डा बीएस रॉय एवं शंाति निकेतन के प्रधानाचार्य जिजिष जोसेफ ने संयुक्त रूप ये बताया किश्री चैतन्य पहली बार शिक्षाजगत मे वर्ष 1986 में सामने आए और 35 वर्षों के भीतर एशिया में सबसे बड़ा शैक्षिक समूह बन गया है। पिछले साढ़े तीन दशकों में श्री चैतन्य ने उपन्यास अकादमिक कार्यक्रमों का बीड़ा उठाया है, जिसने छात्रों को देश के प्रमुख इंजीनियरिंग और मेडिकल कॉलेजों में प्रवेश करने में मदद की है। जिस तरह से इस समूह ने शिक्षा के प्रति नजरिए को बदला है वह अनुकरणीय से कम नहीं है।
    विद्यालय की सामान्य फीस के अतिरिक्त कोई अन्य फीस नहीं है। कक्षा एक से ही नो होमवर्क नो ट्यूशन के आधार पर पढाई कराई जाती है। यहाँ आईआईटी, मेडिकल प्रतियोगिता ओलंपियाड की तैयारी कक्षा एक से ही कराई जाती है ।कक्षा 5 से ही ओलंपियाड आईआईटी, मेडिकल की कोचिंग पढ़ाई के साथ.साथ शुरू हो जाती है। शिक्षा के क्षेत्र में काम करने का हमारा लक्ष्य है कि हम आईआईटी ओर जेईई उम्मीदवारों के लिए सही संरक्षक बनने का प्रयास करते हैं, साथ ही सामुदायिक जीवन में गहरी रुचि के साथ.साथ उन्हें विकसित करने में मदद करते हैं।
    हम इंटरमीडिएट स्तर पर विभिन्न विषयों का गहन ज्ञान प्रदान करके छात्रों को प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए तैयार करते हैं। उन्होंने कहा मकसद एक है कि किसी तरह छात्रों के भविष्य को उज्जवल बनाया जा सके। इस मौके पर निदेशक नागेंद्र,उत्तर क्षेत्र प्रभारी डीजीएम।एमआर अंजलेलू,एजीएम विक्रम निदेशक भार्गवी ,शाखा प्रमुख नेहा, डा शालिनी त्यागी आदि मौजूद रहे।

    08f23965bd5137ba918236c42b0b0c23

    Santram Pandey

    पत्रकारिता के 40 बसंत पार कर चुके संतराम पांडे, पूर्णकालिक पत्रकार हैं और खाटी पत्रकारिता के जीवंत उदाहरण स्वरूप अंकुरित प्रतिभाओं को सहयोग प्रदान कर रहे हैं। वर्तमान में ई-रेडियो इंडिया के वरिष्ठ संपादक हैं।
    1 min