Report by : News Desk
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सुल्तानपुर में बाढ़ के कारण फसलें बर्बाद, प्रशासन बैठा मौन सुल्तानपुर में बाढ़ के कारण फसलें बर्बाद, प्रशासन बैठा मौन
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सुल्तानपुर में बाढ़ का कहर लगातार जारी है जलस्तर में बढ़ोतरी देखने को मिल रही है। ग्रामीण क्षेत्रों में लोग सहमे हुए हैं। फसलों का बड़ी संख्या में नुकसान हुआ है। कई जगह तो ऐसी है जहां पर लोग 2 जून की रोटी का बंदोबस्त करने में विफल साबित हो रहे हैं।

बात करें कादीपुर विधानसभा क्षेत्र की तो इस क्षेत्र में गोमती नदी के किनारे बसने वाले गांव की स्थिति भयावह होती जा रही है। गोमती नदी से सटे हुए गांव में खेतों में पानी तो भर आई है, कहीं-कहीं मार्ग पर पानी जमा हो जाने की वजह से आवागमन में बाधा उत्पन्न हो रही है।

ग्राम बांगर खुर्द की बात करें तो यहां पानी लगातार बढ़ रहा है, बांगर खुर्द को बांगर कला से जोड़ने वाले मार्ग पर पानी का स्तर बढ़ जाने से पैदल आवागमन बंद हो गया है। लोग भाई क्या कार से ही बमुश्किल निकल पा रहे हैं।

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ग्राम प्रधान राजेश विश्वकर्मा हालांकि लगातार दौरा कर रहे हैं, अधिकारियों को अवगत भी कराया है कुछ निचले दर्जे के अधिकारी मौके पर आकर जायजा भी ले गए लेकिन प्रशासन की तरफ से ठोस कदम उठता हुआ दिखाई नहीं दे रहा है।

धनपतगंज क्षेत्र में मेनका गांधी ने किया था दौरा

आपको बता दें कि सुल्तानपुर के धनपतगंज क्षेत्र में मेनका गांधी ने नौकायन करते हुए जायजा लिया था और बड़े-बड़े दावे किए थे, लेकिन उन जगहों पर अभी तक किसी भी प्रकार की कोई ठोस सहायता की स्थिति दिखती हुई नहीं प्रतीत हो रही है। हालांकि कई भाजपा नेताओं का कहना है कि मौके पर पहुंचकर वह बाढ़ में पीड़ित व फंसे हुए लोगों की मदद कर रहे हैं।

सुल्तानपुर में बाढ़ के कारण फसलें बर्बाद, प्रशासन बैठा मौन
बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों का जायजा लेंतीं सांसद मेनका गांधी।

सुल्तानपुर में बाढ़ से गोमती नदी के किनारे हजारों बीघा धान बर्बाद

आपको बता दें कि गोमती नदी में आई इस बाढ़ की वजह से किनारे में बसने वाले कई दर्जन गांव में लगी हुई धान की फसलें लगभग बर्बाद हो चुकी हैं और ऐसे में किसानों ने अपनी जमा पूंजी को बचाकर जो भी खर्च किया था वह सब पानी में डूबने वाला है। आपदा से राहत के नाम पर प्रशासन ने आंखों पर पट्टी बांधकर नौकायन करने का ढोंग रच दिया है। लेकिन जमीनी लेवल पर किसी भी प्रकार की कोई हकीकत दिखाई नहीं दे रही है।

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इन जगहों पर डूब गए घर भी

भदैंया : बरुई, बभनगंवा, बदरुद्दीनपुर, सलाहपुर, जगदीशपुर, बेलामोहन गांव में नदी का पानी पहुंचने से कई आवासीय छप्पर डूब गए है। बभनगंवा घाट पर बरगद का चबूतरा तथा मूर्ति विसर्जन कुंड भी पूरी तरह पानी में डूबकर बह गया है।

https://youtu.be/ltwobGKRzys
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