ब्यूरो रिपोर्ट, ई-रेडियो इंडिया
कादीपुर (सुलतानपुर)। करौंदीकला ब्लॉक के गजेंद्रपुर गांव में गोमती नदी पर 59 लाख रुपये की लागत से पीपा पुल बनाए जाने की स्वीकृति मिल गई है। पुल बन जाने से क्षेत्र के लोगों को 10–15 किमी का लंबा चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा और दर्जनों गांवों के हजारों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा।
स्थानीय लोगों की लंबे समय से पीपा पुल की मांग थी, जिसे विधायक राजेश गौतम और बदलापुर विधायक रमेश मिश्रा द्वारा लगातार सरकार के समक्ष उठाया गया। जनप्रतिनिधियों की पैरवी को देखते हुए सरकार ने गजेंद्रपुर में पुल निर्माण को मंजूरी प्रदान की है।
सीमावर्ती गांव होने के कारण यहां विकास की गति बेहद धीमी है। ग्रामीणों का कहना है कि जिले के बड़े अधिकारी कम ही आते हैं और गांव की समस्याएं अनदेखी रह जाती हैं। तहसील जाने में पूरा दिन खर्च हो जाता है और नदी पार करने के लिए बाइक तक नाव से ले जानी पड़ती है, जिससे रोजाना जोखिम बना रहता है।
गांव वालों ने बताया कि जोखईपुर निवासी राघवेंद्र नाव से बाइक सहित नदी पार कर रहे थे, तभी झटका लगने से वह नदी में गिर गए। नाविकों ने कड़ी मशक्कत के बाद उन्हें बचाया। बाढ़ के समय भी नाव पलटते-पलटते बची थी, जिससे लोगों में हमेशा भय बना रहता है। ग्रामीणों का कहना है कि नाव से नदी पार करना हादसों को न्योता देने जैसा है, लेकिन मजबूरी में यही सहारा है।
पुल निर्माण को स्वीकृति दिलाने में रामराज, मनोज और शिवकुमार ने बताया कि भाजपा युवा मोर्चा के प्रदेश कार्यसमिति सदस्य गौरव सिंह ने उच्च अधिकारियों से पैरवी की, जिसके बाद यह महत्वपूर्ण कार्य संभव हो सका।