
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अपनी नई प्रेस सेक्रेटरी कैटी जकारिया को पद से हटा दिया है।
यह खबर हैरान करने वाली इसलिए भी है क्योंकि पद पर नियुक्त हुए उन्हें 5 दिन ही हुए थे कि उन्हें अपनी कुर्सी गवानी पड़ी। 9 अक्टूबर को डोनाल्ड ट्रंप ने उनके नाम का ऐलान किया था। 12 अक्टूबर को उन्हें कमान संभालने का मौका मिला और 13 अक्टूबर को उन्होंने अपनी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस की। और यह प्रेस कॉन्फ्रेंस इतनी भारी पड़ गई कि ट्रंप प्रशासन ने पल भर में उनकी छुट्टी कर दी। आखिर कौन है कैटी जकारिया? उनकी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस में ऐसा क्या हुआ था? उनसे ऐसी क्या गलती हुई कि सिर्फ पांच दिनों में उन्हें अपनी कुर्सी छोड़नी पड़ी। उनकी योग्यता को लेकर अचानक क्यों सवाल खड़े होने लगे? इतना ही नहीं राष्ट्रपति ट्रंप और अपने पति पर एक सवाल के दौरान वो कैसे कंफ्यूज हो गई? दरअसल, कैटी जकारिया को 9 अक्टूबर को डोनाल्ड ट्रंप ने वाइट हाउस की नई प्रेस सेक्रेटरी बनाने का ऐलान किया था। उन्होंने कैरोलिन लेविड की जगह ली जो अगस्त में पद छोड़ चुकी थी। जकारिया पहले कंजर्वेटिव मीडिया में राजनीतिक टिप्पणीकार रही थी। वो ट्रंप मीडिया एंड टेक्नोलॉजी ग्रुप में संचार सलाहकार के तौर पर भी काम कर चुकी थी। और अमेरिकी होमलैंड सिक्योरिटी विभाग में भी कुछ समय बिताया था। लेकिन नई जिम्मेदारी संभालने के कुछ ही दिन में उनकी भूमिका पर सवाल उठने लगे। 13 अक्टूबर को उनकी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस हुई जिसके बाद मीडिया में उनके प्रदर्शन और पेशेवर पृष्ठभूमि पर चर्चा तेज हो गई। 16 अक्टूबर को वाइट हाउस के अधिकारियों ने बताया कि जकारिया पद से बाहर हो रही हैं। एजेंसी रइर्स के मुताबिक उन्हें पद से हटा दिया गया था। इस तरह उनका कार्यकाल एक सप्ताह से भी कम रहा और इसे वाइट हाउस प्रेस सेक्रेटरी के पद के सबसे छोटे कार्यकालों में से एक बताया गया। अब सवाल यह है कि आखिर उस प्रेस कॉन्फ्रेंस में या प्रेस ब्रीफिंग में उन्होंने क्या गलती की थी? जिसके बाद जकारिया पर सवाल उठने लगे। 13 अक्टूबर को वाइट हाउस के ब्रीफिंग रूम में उनकी पहली प्रेस कॉन्फ्रेंस हुई। एसोसिएटेड प्रेस यानी एपी की रिपोर्ट के मुताबिक यह ब्रीफिंग करीब 14 मिनट तक चली। इस दौरान उन्होंने मुख्य रूप से ट्रंप और उनकी सरकार की उपलब्धियों की तारीफ की और सिर्फ तीन पत्रकारों से सवाल किए। वो कई बार लिखे हुए नोट्स देखकर बोलती नजर आई। कुछ जगहों पर उन्हें शब्दों और सवालों के जवाब देने में परेशानी हुई। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक उन्होंने कम सवाल लिए और मुश्किल मुद्दों पर विस्तार से जवाब देने का अवसर भी कम दिया। यहां यह जानना आपके लिए जरूरी है कि प्रेस सेक्रेटरी का काम सिर्फ राष्ट्रपति की तारीफ करना नहीं होता। उन्हें पत्रकारों के कठिन सवालों का सामना करना, सरकार की नीतियों को स्पष्ट करना और विवादों पर प्रशासन का पक्ष सामने रखना सबसे बड़ी जिम्मेदारी होती है।जकारिया की पहली ब्रीफिंग के बाद आलोचकों ने सवाल उठाए कि क्या वह इस दबाव वाली भूमिका के लिए पर्याप्त रूप से तैयार थी।
