Janvadi Lekhak Sangh Meerut ने अमेरिकी हस्तक्षेप के खिलाफ किया प्रदर्शन

Janvadi Lekhak Sangh Meerut ने अमेरिकी हस्तक्षेप के खिलाफ किया प्रदर्शन
Meerut Reporter

Janvadi Lekhak Sangh Meerut द्वारा अमेरिका के कथित साम्राज्यवादी हस्तक्षेप और वेनेजुएला के आंतरिक मामलों में दखल के विरोध में मेरठ में एक सशक्त और वैचारिक प्रदर्शन किया गया। इस दौरान संगठन की ओर से भारत की राष्ट्रपति को संबोधित एक ज्ञापन प्रशासन के माध्यम से सौंपा गया, जिसमें मांग की गई कि भारत सरकार इस गंभीर अंतरराष्ट्रीय मुद्दे पर चुप न रहे और संयुक्त राष्ट्र व अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में अमेरिका के खिलाफ प्रभावी कानूनी कार्रवाई की पहल करे।

ज्ञापन में कहा गया कि अमेरिका द्वारा वेनेजुएला पर किया गया हस्तक्षेप किसी भी रूप में न्यायसंगत नहीं ठहराया जा सकता। संगठन ने आरोप लगाया कि अमेरिका ने लोकतंत्र और मानवाधिकारों की आड़ में एक संप्रभु राष्ट्र पर दबाव बनाने और उसके प्राकृतिक संसाधनों पर नियंत्रण स्थापित करने की नीति अपनाई है। लेखकों और बुद्धिजीवियों ने इसे वैश्विक शांति और अंतरराष्ट्रीय कानून के लिए गंभीर खतरा बताया।

जनवादी लेखक संघ का कहना है कि वेनेजुएला के राष्ट्रपति Nicolás Maduro पर लगाए गए आरोप तथ्यहीन, राजनीति से प्रेरित और पूर्व नियोजित साजिश का हिस्सा हैं। संगठन के अनुसार अमेरिका का वास्तविक उद्देश्य वेनेजुएला के तेल, गैस और अन्य प्राकृतिक संसाधनों पर कब्जा जमाना है, न कि लोकतंत्र की रक्षा करना।


Janvadi Lekhak Sangh Meerut ने वेनेजुएला पर कार्रवाई को अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया

ज्ञापन में स्पष्ट शब्दों में कहा गया कि अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति Donald Trump के कार्यकाल में वेनेजुएला के खिलाफ जो कदम उठाए गए, वे अंतरराष्ट्रीय कानून और संप्रभुता के सिद्धांतों का खुला उल्लंघन हैं। संगठन का आरोप है कि राष्ट्रपति मादुरो और उनकी पत्नी की कथित गिरफ्तारी अथवा अपहरण की घटनाएं यदि सत्य हैं, तो यह पूरी दुनिया के लिए चिंताजनक मिसाल है।

जनवादी लेखक संघ ने कहा कि किसी भी देश को यह अधिकार नहीं है कि वह दूसरे संप्रभु राष्ट्र की सरकार को बलपूर्वक अपदस्थ करने या उसके नेतृत्व को निशाना बनाने की कोशिश करे। यह न केवल लोकतंत्र के विरुद्ध है, बल्कि वैश्विक स्थिरता के लिए भी खतरनाक है।

संगठन ने यह भी कहा कि United Nations की भूमिका ऐसे मामलों में और अधिक सक्रिय होनी चाहिए। यदि अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं शक्तिशाली देशों के दबाव में मूकदर्शक बनी रहीं, तो छोटे और विकासशील देशों की संप्रभुता हमेशा खतरे में रहेगी।

Janvadi Lekhak Sangh Meerut ने अमेरिकी हस्तक्षेप के खिलाफ किया प्रदर्शन
Janvadi Lekhak Sangh Meerut ने अमेरिकी हस्तक्षेप के खिलाफ किया प्रदर्शन

Janvadi Lekhak Sangh Meerut ने पांच सूत्रीय मांगों के जरिए सरकार से हस्तक्षेप की अपील की

ज्ञापन में संगठन की ओर से पांच प्रमुख मांगें रखी गईं। इनमें सबसे पहली मांग वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी की ससम्मान तत्काल रिहाई की है। इसके साथ ही अमेरिका द्वारा वेनेजुएला के प्राकृतिक संसाधनों पर नियंत्रण की कोशिशों को तुरंत समाप्त करने की मांग की गई।

अन्य मांगों में क्यूबा, मेक्सिको, ग्रीनलैंड और कोलंबिया जैसे देशों को दी जा रही कथित धमकियों पर रोक लगाने, संयुक्त राष्ट्र द्वारा अमेरिका की कार्रवाइयों की आधिकारिक निंदा करने तथा अंतरराष्ट्रीय न्यायालय में कानूनी प्रक्रिया शुरू करने की अपील शामिल है। संगठन ने यह भी कहा कि यदि किसी प्रकार की अवैध कार्रवाई से मादुरो दंपति को नुकसान पहुंचा है, तो उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मुआवजा दिलाया जाना चाहिए।

जनवादी लेखक संघ का कहना है कि भारत जैसे लोकतांत्रिक और गुटनिरपेक्ष परंपरा वाले देश को इस मुद्दे पर नैतिक नेतृत्व दिखाना चाहिए। भारत की चुप्पी को अमेरिका की नीतियों के प्रति मौन समर्थन के रूप में देखा जा सकता है, जो वैश्विक न्याय के सिद्धांतों के अनुरूप नहीं है।


Janvadi Lekhak Sangh Meerut ने वैचारिक संघर्ष को बताया जरूरी

संगठन के नेताओं ने कहा कि यह संघर्ष केवल एक देश या एक नेता तक सीमित नहीं है, बल्कि यह साम्राज्यवाद और जनतंत्र के बीच वैचारिक टकराव का प्रश्न है। अमेरिका की नीतियां लगातार यह संकेत देती हैं कि वह सैन्य, आर्थिक और राजनीतिक दबाव के जरिए दुनिया पर अपना वर्चस्व कायम रखना चाहता है।

जनवादी लेखक संघ ने चेतावनी दी कि यदि समय रहते ऐसी नीतियों का विरोध नहीं किया गया, तो भविष्य में कई अन्य देशों को भी इसी तरह के हस्तक्षेप का सामना करना पड़ सकता है। लेखकों ने कहा कि इतिहास गवाह है कि जब-जब साम्राज्यवादी ताकतों को खुली छूट दी गई है, तब-तब आम जनता को उसकी भारी कीमत चुकानी पड़ी है।


लेखकों और नागरिकों की सक्रिय भागीदारी

इस प्रदर्शन और ज्ञापन कार्यक्रम में जनवादी लेखक संघ मेरठ इकाई के उपाध्यक्ष घासीराम मलिक, सचिव मुनेश त्यागी, सह सचिव मंगल सिंह मंगल, कोषाध्यक्ष धर्मपाल सिंह मित्रा सहित अनेक लेखक, बुद्धिजीवी और जागरूक नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में अमेरिका की नीतियों की आलोचना करते हुए अंतरराष्ट्रीय एकजुटता की आवश्यकता पर बल दिया।

वक्ताओं ने कहा कि लेखक और साहित्यकार समाज की अंतरात्मा होते हैं और जब-जब मानवता, न्याय और स्वतंत्रता पर हमला होता है, तब-तब उनका मौन रहना अपराध के समान है। इसी भावना के तहत यह प्रदर्शन और ज्ञापन सौंपा गया।


भविष्य की रणनीति

संगठन ने यह भी स्पष्ट किया कि यदि अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अमेरिका की कार्रवाइयों के खिलाफ ठोस कदम नहीं उठाए गए, तो जनवादी लेखक संघ देशभर में जनजागरूकता अभियान तेज करेगा। साहित्यिक गोष्ठियों, संगोष्ठियों, सार्वजनिक चर्चाओं और लेखन के माध्यम से आम जनता को इस मुद्दे से जोड़ा जाएगा।


अमेरिका के कथित हस्तक्षेप के खिलाफ Janvadi Lekhak Sangh Meerut का यह कदम केवल विरोध दर्ज कराने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह अंतरराष्ट्रीय न्याय, संप्रभुता और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा की एक वैचारिक पहल है। संगठन का मानना है कि जब तक विश्व समुदाय साम्राज्यवादी नीतियों के विरुद्ध एकजुट नहीं होगा, तब तक वैश्विक शांति और न्याय केवल एक आदर्श बने रहेंगे, वास्तविकता नहीं।

📰 निष्पक्ष पत्रकारिता के लिए आपका सहयोग अपेक्षित है!

स्वतंत्र पत्रकारिता आपके साहस और सहयोग से ही ज़िंदा रह सकती है 🖋️

क्या आपने कभी सोचा है कि अगर निष्पक्ष पत्रकारिता की आवाज़ ख़ामोश हो गई तो सच कौन बताएगा? आज सच बोलना एक जोखिम है, सच दिखाना एक संघर्ष है… लेकिन यह संघर्ष अकेले हमारा नहीं, यह आप जैसे जागरूक नागरिकों की साझा ज़िम्मेदारी है।

🙏 आपका छोटा सा सहयोग बन सकता है सत्य की सबसे बड़ी ढाल

  • जब मीडिया बिक जाती है — सत्ता हावी हो जाती है।
  • जब पत्रकार डरते हैं — आम जनता की आवाज़ दब जाती है।
  • जब सच रुकता है — लोकतंत्र कमजोर होता है।

📢 आप दान नहीं दे रहे… आप सत्य, न्याय और लोकतंत्र की रक्षा कर रहे हैं

आपका हर योगदान:
✅ दबे-कुचले की आवाज़ बनेगा
✅ भ्रष्टाचार के खिलाफ सबूत जुटाने में मदद करेगा
✅ आम लोगों के हक़ के लिए लड़ाई को ताकत देगा
✅ उन पत्रकारों का सहारा बनेगा जो बिना किसी दबाव के सिर्फ़ सच बोलना चाहते हैं

👉 जहां डर खत्म होता है, वहीं से स्वतंत्र पत्रकारिता शुरू होती है… और आपकी सहायता वह पहली रोशनी बन सकती है।

📞 सीधे संपर्क करें:

💳 ऑनलाइन योगदान दें:

आप हमारी मेहनत और पत्रकारिता को ऑनलाइन दान के माध्यम से भी सहयोग कर सकते हैं।

QR Kotak Trinath Mishra

हर योगदान—चाहे छोटा हो या बड़ा—महत्वपूर्ण है।
आपका सहयोग हमारी स्वतंत्रता और निष्पक्षता को मजबूत बनाता है। ✨

आइए मिलकर पत्रकारिता को जनता की सच्ची आवाज़ बनाएं! 💪

Whatsapp your news to 09808899381

Thanks

ये👇समाचार भी पढ़ें

Ham Ladenge Sathiyon

पूरे देश में करें विज्ञापन सिर्फ 10 हजार में एक माह के लिये-

अगर आपके व्यवसाय, कम्पनी या #प्रोडक्ट की ब्राडिंग व #प्रमोशन अनुभवी टीम की देखरेख में #वीडियो, आर्टिकल व शानदार ग्राफिक्स द्वारा किया जाये तो आपको अपने लिये ग्राहक मिलेगें साथ ही आपके ब्रांड की लोगों के बीच में चर्चा होनी शुरू हो जायेगी।
साथियों, वीडियो और #आर्टिकल के माध्यम से अपने व्यापार को Eradio India के विज्ञापन पैकेज के साथ बढ़ायें। हम आपके लिये 24X7 काम करने को तैयार हैं। सोशल मीडिया को हैंडल करना हो या फिर आपके प्रोडक्ट को कस्टमर तक पहुंचाना, यह सब काम हमारी #एक्सपर्ट_टीम आपके लिये करेगी।

इस पैकेज में आपको इन सुविधाओं का लाभ मिलेगा-

  • आपकी ब्रांड के प्रचार के लिए 2 वीडियो डॉक्यूमेंट्री।
  • 2 सोशल मीडिया एकाउंट बनाना व मेंटेन करना।
  • 8 ग्राफिक्स डिज़ाइन की शुभकामना व अन्य संदेश का विज्ञापन।
  • फेसबुक विज्ञापन और Google विज्ञापन, प्रबंधन।
  • नियमित प्रोफ़ाइल को मेंटेन करना।
  • नि:शुल्क ब्रांड लोगो डिजाइन (यदि आवश्यक होगा तो)।
  • परफेक्ट हैशटैग के साथ कंटेंट लिखना और प्रभावशाली पोस्टिंग।
  • कमेंट‍्स व लाइक्स काे मैंनेज करना।
  • www.eradioindia.com पर पब्लिश की जाने वाली न्यूज में आपका विज्ञापन नि:शुल्क दिया जायेगा।
  • अभी ह्वाट‍्सअप करें: 09458002343
  • ईमेल करें: eradioindia@gmail.com
e service mantra profile Copy