चित्त बदलने में कितना समय लगता है?
जब एक मकान बदलने में तीन सप्ताह लग जाते हों, तो चित्त बदलने में तीन महीने को बहुत ज्यादा तो नहीं कहिएगा न! तीन महीने बहुत ज्यादा नहीं हैं। बहुत थोड़ी सी बात है। तीन महीने सतत, इसका संकल्प लेकर…
Swami Shailendra Saraswati ने ओशो के बारे में क्या कहा
Swami Shailendra Saraswati से सोनीपत स्थित ओशो फ्रेग्रेंस आश्रम में विशेष प्रतिनिधि पवन सचदेवा से खास बात हुई। उनसे हुई बातचीत में स्वामी जी ने कई बातें कहीं। एक सवाल क्या बुराई का अस्तित्व ईश्वर के अस्तित्व के विरुद्ध एक…
ईश्वर के मनुष्य में अवतरित होने का क्या मामला है, जानें यहां
प्रश्न –मेहर बाबा ने ईश्वर के मनुष्य ( अवतार, रसूल, ईसा मसीह ) में अवतरित होने और मनुष्य के ईश्वर (पूर्ण गुरु, सद्गुरु, कुतुब, तीर्थंकर ) बनने की बात कही है। क्या आप कृपया हमसे इस बारे में बात करेंगे?ओशो…
उन्नति की आकांक्षा
उन्नति की आकांक्षा भी वैसी ही घातक है, शायद उससे भी ज्यादा, जितनी उत्तेजना की आकांक्षा है। पर बड़ा अजीब लगेगा, क्योंकि हम तो सोचते हैं कि अध्यात्म भी तो आखिर उन्नति की आकांक्षा है ! कि हम आनंद चाहते…
“होश” में रहकर जीने का तरीका
पहला चरण : अपने शरीर को लेकर पूरी तरह सचेत होना। बुद्ध ने कहा, जब तुम चलते हो तब तुम्हारे मन को पता होना चाहिए कौन-सा पैर आगे गया और कौन-सा पैर पीछे गया। जब तुम भोजन करते हो, तब…
🌹प्रेम पर शंका क्यों होती है
आप केवल अपने जीवन की सकारात्मक चीज़ों पर ही शंका करते हैं? नकारात्मक चीज़ों पर शंका नहीं करते। आप किसी की ईमानदारी पर शंका करते हैं और उसकी बेईमानी पर विश्वास। जब कोई आपसे नाराज़ होता है तो उसकी नाराज़गी…
सब मन के रोग प्रेम की कमी से पैदा होते हैं
प्रश्न: 🟤मुझे ऐसा समझ में आया, कि आपने कहा कि सब मन के रोग प्रेम की कमी से पैदा होते हैं। 🧘♀️निश्चित ही मन के सभी रोग प्रेम की कमी से पैदा होते हैं। लेकिन इस सत्य को समझना पड़े।…
उन्नति की आकांक्षा
उन्नति की आकांक्षा भी वैसी ही घातक है, शायद उससे भी ज्यादा, जितनी उत्तेजना की आकांक्षा है। पर बड़ा अजीब लगेगा, क्योंकि हम तो सोचते हैं कि अध्यात्म भी तो आखिर उन्नति की आकांक्षा है! कि हम आनंद चाहते हैं,…
बुद्ध की यह कथा आपका जीवन बदल देगी
श्रावस्ती में एक सेठ था—मृगार। उसके लड़के की पत्नी थी विशाखा। विशाखा सुनने जाती थी बुद्ध को। मृगार कभी कहीं सुनने गया नहीं। वह धन— लोलुप धन के पीछे पागल था। वह सबसे बड़ा श्रेष्ठि था श्रावस्ती का। श्रावस्ती भारत…
Osho on Nanak Ji: नानक के गीत
Osho on Nanak Ji: बाबर नानक के समय भारत आया। उसके सिपाहियों ने नानक को भी संदिग्ध समझ कर कैद कर लिया। लेकिन धीरे-धीरे बाबर तक खबर पहुंचने लगी कि यह कैदी कुछ अनूठा है। और इस कैदी के आस-पास…











