
ध्वस्तीकरण जारी रखने का आदेश, पूरे मेरठ के नए सर्वे के निर्देश
मेरठ के शास्त्रीनगर सेंट्रल मार्केट मामले में सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाते हुए ध्वस्तीकरण की कार्रवाई जारी रखने के निर्देश दिए हैं। कोर्ट ने आवास एवं विकास परिषद के प्रमुख सचिव गुरु प्रसाद को अवैध निर्माण के खिलाफ कार्रवाई तेज करने और अगली सुनवाई में ताजा रिपोर्ट पेश करने को कहा है।
कोर्ट के निर्देश के मुताबिक 44 चिन्हित संपत्तियों में जो निर्माण अभी कार्रवाई से बचे हैं, उन पर भी आदेश का अनुपालन सुनिश्चित करना होगा। इससे पहले 16 सितंबर को 44 में से छह संपत्तियों के खिलाफ ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की जा चुकी है।
सुप्रीम कोर्ट ने पूरे मेरठ का नया सर्वे कराने के निर्देश भी दिए हैं। आपके दिए विवरण के मुताबिक जोन-ए में आने वाले मोहन नगर, थापर नगर, ओल्ड सिटी और लालकुर्ती समेत अन्य क्षेत्रों के 16 हजार 726 भूखंडों को लेकर भी सीलिंग की कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि केवल किसी निर्माण के पुराना होने से उसकी अवैध स्थिति खत्म नहीं होती। साथ ही प्रभावित लोगों के पुनर्वास की जिम्मेदारी सरकार को उठाने के निर्देश दिए गए हैं।
अब अगली सुनवाई में आवास एवं विकास परिषद और प्रशासन को सेंट्रल मार्केट की कार्रवाई के साथ पूरे मेरठ के सर्वे और सीलिंग से जुड़ी ताजा रिपोर्ट अदालत के सामने रखनी होगी।
फिलहाल सेंट्रल मार्केट के कारोबारियों और अन्य प्रभावित लोगों को ध्वस्तीकरण की कार्रवाई से राहत नहीं मिली है। सुप्रीम कोर्ट के अगले निर्देशों पर अब पूरे मामले की आगे की दिशा निर्भर करेगी।













