योग है जीवन का परम बल, शरीर व मन को करता है शुद्ध

योग है जीवन का परम बल, शरीर व मन को करता है शुद्ध

मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय के योग विज्ञान विभाग द्वारा 11वे अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में योग जागरूक कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। योग पार्क में योग आयोजित विज्ञान विभाग के समन्वयक प्रोफेसर राकेश कुमार शर्मा एडवोकेट, जगदीश राघव, सोमवीर सिंह, केपी सिंह, शैल सोम, मिलन सिंगल, सरित अग्रवाल ने विधिवत रूप से मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित करके किया।

महर्षि घेरण्ड ने योग की इच्छा रखने वाले राजा को बताया कि योग परम बल है, ज्ञान सबसे बड़ा मित्र है। अहंकार सबसे बड़ा शत्रु है, इसलिए हे राजन शोध क्रिया के माध्यम से 72 हजार नाड़ी की शुद्ध के उपरांत आसन, प्राणायाम और प्रत्याहार को साधकर अपने मन को ध्यान के माध्यम से एकाग्र कर समाधि में लीन हो जा, उस परमपिता परमेश्वर के लिए जो मोक्षदायक है। कार्यक्रम का संचालन अनुज बैसला ने किया। योगाचार्य अमरपाल ने साधकों को वैदिक मंत्रों के साथ योग सत्र में सूक्ष्म व्यायाम, सूर्य नमस्कार, हनुमान आसन, पक्षी आसान, आसान, नाड़ी शोधन प्राणायाम, शीतली प्राणायाम, भ्रामरी प्राणायाम आदि का अभ्यास कराया।

योग जागरूकता कार्यक्रम मे॑ प्रोफेसर वैशाली पाटिल, शालिनी धामा, डॉक्टर संतोष, डॉ धर्मेंद्र, ईशा पटेल, नवजोत सिद्धू तथा विद्यार्थी उपस्थित रहे।