
भारतीय किसान यूनियन धन सिंह कोतवाल ने मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन, पेराई सत्र 2026-27 के लिए बढ़े दाम की उठाई मांग
चीनी के दाम बढ़ रहे हैं, लेकिन गन्ना किसानों को उनकी फसल का उचित मूल्य कब मिलेगा? इसी सवाल को लेकर भारतीय किसान यूनियन धन सिंह कोतवाल ने उत्तर प्रदेश सरकार से गन्ने का भाव 600 रुपये प्रति क्विंटल घोषित करने की मांग उठाई है। संगठन ने मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भेजकर आगामी पेराई सत्र 2026-27 के लिए गन्ने का मूल्य पहले से तय करने की अपील की है। किसान यूनियन का कहना है कि एथेनॉल उत्पादन के कारण चीनी के दामों में बढ़ोतरी हुई है, इसलिए उसी अनुपात में गन्ना किसानों को भी लाभ मिलना चाहिए। ज्ञापन में पांच प्रमुख मांगें रखी गई हैं। इनमें गन्ना मिलों में गन्ना पहुंचने से पहले ही मूल्य घोषित करना, पर्ची व्यवस्था को सुचारू बनाना, समय पर गन्ना मिलों तक पहुंचाना और हर साल सर्वे के आधार पर किसानों का बॉन्ड निर्धारित करना शामिल है। इसके साथ ही किसानों को आगामी बुवाई के दौरान आ रही समस्याओं का समाधान करने और टोकन व्यवस्था समाप्त करने की मांग भी उठाई गई है। संगठन ने आरोप लगाया कि किसानों को अपनी फसल का मूल्य पहले से पता नहीं होता, जिससे उन्हें आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ता है। अब देखना होगा कि सरकार किसानों की इन मांगों पर क्या फैसला लेती है और क्या आगामी पेराई सत्र से पहले गन्ने का भाव 600 रुपये प्रति क्विंटल घोषित किया जाता है।

