Report by : News Desk
Published at :
Mandatory and additional by Namita Gupta Meerut Mandatory and additional by Namita Gupta Meerut
विज्ञापन
विज्ञापन

ये कुछ
अतिरिक्त से लोग ही
सही से समझ पाते हैं
कविता की अनिवार्यता को ,
अन्यथा कविताएं सिर्फ
पाठ्यक्रमों का ही हिस्सा बनी रहतीं ,

ठीक उसी तरह जैसे
हमारा खालीपन ही
धीरे-धीरे भरता चला जाता है
उदासियो से उपजी
वीरान जगहों को ,
क्योंकि कभी-कभी
स्वयं के लिए
यूं ही भटकना भी अच्छा होता है ,

जिंदगी की पाठशाला में
कुछ प्रश्नों को
अतिरिक्त होते हुए भी
अनिवार्य हो जाता है
उनका हल किए जाना,,है न !!

नमिता गुप्ता “मनसी”
मेरठ, उत्तर प्रदेश

Follow E RADIO INDIA on WhatsAppJoin ›